
अल्मोड़ा जनपद के भैसियाछाना क्षेत्र से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जिसने पूरे इलाके में दहशत फैला दी है। बेलवाल गांव में एक गुलदार ने दिनदहाड़े 12 वर्षीय मासूम बच्ची पर जानलेवा हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल बच्ची का इलाज जारी है, जबकि ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, ग्राम सभा बेलवाल निवासी पल्लवी जड़ौत अपनी मां के साथ घर के समीप खेत में घास लेने गई थी। मां-बेटी अपने काम में व्यस्त थीं कि तभी झाड़ियों में पहले से घात लगाए बैठे गुलदार ने अचानक पल्लवी पर हमला कर दिया। पलक झपकते ही गुलदार ने बच्ची को अपने पंजों में जकड़ लिया और उसकी गर्दन, हाथ व पीठ पर गहरे घाव कर दिए।
घटना का मंजर बेहद भयावह था, लेकिन मौके पर मौजूद महिलाओं ने अदम्य साहस का परिचय दिया। उन्होंने शोर मचाते हुए दरांतियों और पत्थरों से गुलदार को खदेड़ने का प्रयास किया। महिलाओं की हिम्मत और शोरगुल से घबराकर गुलदार बच्ची को लहूलुहान हालत में छोड़कर जंगल की ओर भाग गया।
घायल पल्लवी को तत्काल ग्रामीणों की मदद से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र धौलछीना पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों की टीम उसका उपचार कर रही है। बताया जा रहा है कि बच्ची गहरे सदमे में है।

घटना के बाद पूरे बेलवाल गांव और आसपास के क्षेत्रों में भय का माहौल है। अभिभावक अपने बच्चों को घर से बाहर भेजने में डर रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि गुलदार अब आबादी के बेहद करीब आ चुके हैं और दिन के समय भी हमले कर रहे हैं।
सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने पंजों के निशान और संघर्ष के साक्ष्य जुटाए हैं तथा क्षेत्र में गश्त बढ़ाने का आश्वासन दिया है।
ग्रामीणों ने वन विभाग से मांग की है कि इस आदमखोर गुलदार को पकड़ने के लिए तत्काल पिंजरा लगाया जाए, ताकि भविष्य में किसी बड़ी अनहोनी को रोका जा सके। फिलहाल पूरे भैसियाछाना क्षेत्र में इस घटना को लेकर भय और आक्रोश का माहौल बना हुआ है।