
देहरादून। उत्तराखंड में चुनाव आयोग 8 जून से विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान शुरू करेगा। इससे पहले 29 मई से कर्मचारियों का प्रशिक्षण और गणना प्रपत्रों की छपाई का कार्य शुरू होगा।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय के अनुसार, राज्य में अब तक 84 लाख मतदाताओं में से 87 प्रतिशत की बीएलओ मैपिंग 2003 की मतदाता सूची के आधार पर पूरी हो चुकी है। एसआईआर प्रक्रिया 1 जुलाई 2026 की अर्हता तिथि के आधार पर कराई जाएगी।
8 जून से 7 जुलाई तक बीएलओ घर-घर जाकर गणना प्रपत्र वितरित करेंगे और उन्हें भरवाकर जमा करेंगे। मतदाताओं को प्रपत्र में 2003 की वोटर सूची से संबंधित जानकारी भरकर नवीन फोटो के साथ वापस जमा करनी होगी। फिलहाल किसी दस्तावेज की आवश्यकता नहीं होगी।
चुनाव आयोग के अनुसार, बीएलओ प्रत्येक मतदाता के घर तीन बार तक जाएंगे। मतदाता सूची का ड्राफ्ट रोल 14 जुलाई को प्रकाशित होगा, जबकि दावे और आपत्तियां 13 अगस्त तक दर्ज कराई जा सकेंगी। अंतिम मतदाता सूची 15 सितंबर को जारी की जाएगी।
प्रदेश में 11,733 मतदान केंद्रों के लिए राजनीतिक दलों ने 21,808 बीएलए-2 तैनात किए हैं।